अर्थव्यवस्था करेंट अफेयर्स

एस एंड पी ग्लोबल रेटिंग्स ने भारत की जीडीपी वृद्धि दर के अनुमान को घटाया

एस एंड पी ग्लोबल रेटिंग्स की नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार, वित्त वर्ष 2020-21 में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 3.5% रहेगी, पहले भारत की वृद्धि दर 5.2% रहने का अनुमान लगाया गया था। इस कमी का मुख्य कारण एशिया-प्रशांत क्षेत्र में COVID-19 प्रकोप से उत्पादन में भारी गिरावट होना है।

अन्य अनुमान

  • इससे पहले मूडीज इन्वेस्टर्स सर्विस ने 2020 के लिए विकास दर 2.5% रहने का अनुमान लगाया था।
  • इंडिया रेटिंग्स (Ind-Ra) ने 2020-21 के लिए भारतीय अर्थव्यवस्था के विकास के अनुमान को 3.6% तक घटा दिया है।
  • फिच सॉल्यूशंस ने 2020-21 में भारत की जीडीपी वृद्धि का अनुमान घटाकर 4.6% किया है।
  • SBI Research Ecowrap ने 2020-21 में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 2.6% रहने का अनुमान लगाया है।

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भारत को सऊदी अरब से निर्बाध एलपीजी आपूर्ति प्राप्त होती रहेगी

29 मार्च, 2020 को केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने घोषणा की कि COVID​​-19 के बढ़ते खतरे के बीच सऊदी अरब ने भारत को निर्बाध एलपीजी आपूर्ति का आश्वासन दिया है।

मुख्य बिंदु

भारत विश्व में रसोई गैस का दूसरा सबसे बड़ा आयातक देश है। भारत अपनी आवश्यकता  के लिए एलपीजी का आयात कतर, सऊदी अरब, ओमान, कुवैत जैसे मध्य पूर्व के देशों से करता है।

भारत का एलपीजी आयात

भारत सरकार द्वारा स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देने के साथ देश में एलपीजी का उपयोग बढ़ा है। वर्ष 2018-19 में देश में एलपीजी के उपयोग में पिछले वर्ष की तुलना में 6.9% की वृद्धि हुई। 2020 में, इसमें 6.7% की वृद्धि हुई। पहले वर्ष की तुलना में आयात में 15.9% की वृद्धि हुई है।

2018-19 में भारत ने 24.9 मिलियन टन एलपीजी की खपत हुई थी। उज्ज्वला कार्यक्रम की शुरुआत के बाद एलपीजी खपत बहुत बढ़ गई है।

एलपीजी और केरोसीन

एलपीजी के उपयोग में वृद्धि के साथ केरोसीन का उपयोग कम हुआ है। 2018-19 में केरोसीन की बिक्री में 10% की कमी आई है। भारत सरकार धीरे-धीरे घरेलू ईंधन के रूप में केरोसीन की बिक्री को रोकने की कोशिश कर रही है। वर्तमान में केरोसीन को भारत सरकार द्वारा संचालित जन वितरण दुकानों में रियायती दरों पर बेचा जाता है।

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