करेंट अफेयर्स – मार्च, 2019

AUSINDEX 2019

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच AUSINDEX नामक संयुक्त नौसैनिक अभ्यास के तीसरे संस्करण का आयोजन 2 अप्रैल से 16 अप्रैल के बीच विशाखापट्नम में किया जायेगा। इस संयुक्त अभ्यास में एंटी-सबमरीन युद्ध पर फोकस किया जायेगा। इसका उद्देश्य हिन्द महासागर क्षेत्र में द्विपक्षीय नौसैनिक सामरिक सहयोग को बढ़ावा देना है।

AUSINDEX 2019

  • AUSINDEX 2019 का आयोजन 2 अप्रैल से 16 अप्रैल के बीच विशाखापट्नम में किया जायेगा।
  • इस अभ्यास में ऑस्ट्रेलिया की ओर से HMAS कैनबेरा (लैंडिंग हेलिकॉप्टर डॉक), औक्सिलिअरी ओइलर रेप्लेनिश्मेंट वेसल, दो फ्रिगेट – HMAS न्यूकैसल तथा HMAS परामैटा तथा P8I व P8 समुद्री गश्ती एयरक्राफ्ट हिस्सा लेंगे।
  • इस युद्ध अभ्यास के लिए के लिए किलो-क्लास पनडुब्बी, लैंड-बेस्ड हॉक एयरक्राफ्ट एयर अटैक उपलब्ध करवाएगी। इस अभ्यास में कमोर्ता श्रेणी का एंटी-सबमरीन वेसल, स्टेल्थ डिस्ट्रॉयर भारत की ओर से हिस्सा लेंगे।
  • इस अभ्यास में भारतीय पोत पर ऑस्ट्रेलियाई अधिकारी तथा ऑस्ट्रेलियाई पोत पर भारतीय अधिकारी कार्य करेंगे।
  • यह अभ्यास विशाखापट्नम में 200 मील के क्षेत्र में किया जायेगा।
  • AUSINDEX 2019 में ऑस्ट्रेलिया के 1000 सैन्य अधिकारी हिस्सा लेंगे। इससे भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच रक्षा के क्षेत्र में सहयोग में वृद्धि होगी।

Categories:

Month:

Tags: , , , ,

इसरो ने युवा विज्ञानी कार्यक्रम के लिए पंजीकरण शुरू किया

हाल ही में इसरो ने युवा विज्ञानी कार्यक्रम के लिए पंजीकरण शुरू किया। इच्छुक छात्र 25 मार्च से लेकर 3 अप्रैल के बीच आवेदन कर सकते हैं। यह आवेदन https://yuvika.isro.gov.in/yuvika/ इस वेबसाइट (इसरो की आधिकारिक वेबसाइट) से किया जा सकेगा। भारतीय अन्तरिक्ष अनुसन्धान संगठन (इसरो) ने युवा विज्ञानी कार्यक्रम लांच किया था, इसका उद्देश्य छात्रों को अन्तरिक्ष टेक्नोलॉजी, अंतिरक्ष विज्ञान तथा उपयोग के आधारभूत पहलुओं से परिचित करवाना है।

युवा विज्ञानी कार्यक्रम

  • युवा विज्ञानी कार्यक्रम के लिए इसरो देश भर से 100 छात्रों को चुनेगा और उन्हें सैटेलाइट निर्माण की व्यवहारिक प्रक्रिया के बारे में बताया जायेगा।
  • इस कार्यक्रम के लिए प्रति वर्ष प्रत्येक राज्य/केंद्र शासित प्रदेश से तीन छात्रों को चुना जायेगा, इसमें सीबीएसई, ICSE तथा राज्य पाठ्यक्रम पर आधारित छात्रों को शैक्षणिक प्रदर्शन तथा अन्य गतिविधियों के आधार पर छात्रों का चयन किया जायेगा।
  • युवा विज्ञानी कार्यक्रम में दो सप्ताह के आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया जायेगा। इसका आयोजन ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान किया जायेगा। इसमें 8वीं पूरी कर चुके तथा 9वीं कक्षा में अध्ययन कर रहे छात्रों को चुना जायेगा।
  • इन चुने हुए छात्रों को इसरो के केन्द्रों में ले जाया जायेगा तथा उन्हें वरिष्ठ वैज्ञानिकों के साथ वार्तालाप का अवसर मिलेगा।
  • इस कार्यक्रम के लिए ग्रामीण क्षेत्रों के छात्रों को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी। यात्रा तथा बोर्डिंग का सारा व्यय इसरो द्वारा उठाया जायेगा।

इसरो देश के विभिन्न भागों में 6 इन्क्यूबेशन सेंटर्स की स्थापना करेगा, यह केंद्र होंगे – उत्तरी, दक्षिण, पूर्व, पश्चिम, मध्य तथा उत्तर-पूर्व। इन केन्द्रों में छात्र भी अनुसन्धान व विकास कार्य कर सकेंगे। इसके तहत पहले केंद्र की स्थापना त्रिपुरा के अगरतला में की गयी थी।

Categories:

Month:

Tags: , , , ,

Advertisement