करेंट अफेयर्स- अक्तूबर, 2018

वर्धा में किया गया गांधीवादी विचारधारा व स्वच्छता पर सेमिनार का आयोजन

केन्द्रीय पेयजल तथा स्वच्छता मंत्रालय ने भारत को 2019-20 तक देश को “स्वच्छ भारत” बनाने के लिए गांधीवादी विचारधारा तथा स्वच्छता पर सम्मेलन का आयोजन किया।

मुख्य बिंदु

  • इस सम्मलेन का आयोजन महाराष्ट्र के वर्धा जिले में किया गया, इस सम्मेलन में स्वच्छता भारत अभियान के तहत स्वच्छता के क्षेत्र में प्राप्त उपलब्धियों पर फोकस किया गया।
  • इस सम्मेलन में चर्चा के मुख्य बिंदु ग्रामीण स्वच्छता में उचित तकनीक, जैविक कचरा प्रबंधन तथा निवारक स्वच्छता हैं।
  • इसका मुख्य विषय गांधीजी का “स्वच्छ एवं स्वावलंबी संकुल” था।
  • इस सम्मेलन का समापन सेवाग्राम आश्रम की यात्रा के साथ हुआ, इया यात्रा का उद्देश्य गांधीजी के जीवन से अनुभव प्राप्त करना था।

स्वच्छ भारत अभियान के बारे में महत्वपूर्ण तथ्य

इस प्रोग्राम को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2019 तक भारत को स्वच्छ बनाने के उद्देश्य से लांच किया था। स्वच्छ भारत अभियान 2 अक्टूबर 2014 को लांच किया गया था।इसके दो उप-अभियान हैं – स्वच्छ भारत अभियान (ग्रामीण) तथा स्वच्छ भारत अभियान (शहरी)। इस अभियान के प्रबंधन केन्द्रीय पेयजल व स्वच्छता मंत्रालय तथा केन्द्रीय शहरी विकास मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से किया जाता है।

इस अभियान के मुख्य भाग शौचालयों का निर्माण, सामुदायिक शौचालयों का निर्माण, ठोस कचरा प्रबंधन, जन जागरूकता, क्षमता निर्माण इत्यादि हैं। लांच के बाद इस अभियान के द्वारा स्वच्छता के स्तर में काफी वृद्धि हुई है। यह एक जन आन्दोलन है, 2014 में ग्रामीण स्वच्छता कवरेज 39% थी, जबकि वर्तमान में यह बढ़कर 95% तक पहुँच गयी है।

 

Categories:

Month:

Tags: , , , ,

जस्टिस ए.एस. बोपन्ना ने गुवाहाटी उच्च न्यायालय के नए मुख्य न्यायाधीश बने

29 अक्टूबर को जस्टिस ए.एस. बोपन्ना ने गुवाहाटी उच्च न्यायालय के नए मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ ली। उन्हें असम के राज्यपाल जगदीश मुखी ने शपथ दिलाई। उन्होंने गुवाहाटी उच्च न्यायालय के  कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश ए.के. गोस्वामी से कार्यभार लिया।

जस्टिस ए.एस. बोपन्ना

जस्टिस बोपन्ना का जन्म 1959 में हुआ था, वे 1984 में अधिवक्ता के रूप में एनरोल हुए थे। उन्होंने कर्नाटक उच्च न्यायालय में नागरिक, संवैधानिक, कंपनी, सेवा तथा श्रम सम्बन्धी मामलों में कार्य किया। इसके अलावा उन्होंने केन्द्रीय सार्वजनिक उपक्रम तथा 1999 से लेकर 2005 तक केंद्र सरकार के अतिरिक्त स्थायी काउंसेल के रूप में भी कार्य किया।

गुवाहाटी उच्च न्यायालय

गुवाहाटी उच्च न्यायालय की स्थापना 1 मार्च, 1948 को की गयी। आरम्भ में इसे असम व नागालैंड उच्च न्यायालय कहा जाता था, 1971 में उत्तर-पूर्वी क्षेत्र (पुनर्गठन) अधिनियम, 1971 के द्वारा इसका नाम गुवाहाटी उच्च न्यायालय कर दिया गया। राज्यों के आधार पर इसका क्षेत्राधिकार सबसे अधिक है। गुवाहाटी उच्च न्यायालय का क्षेत्राधिकार असम, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड तथा मिजोरम में है। इस उच्च न्यायालय की मुख्य सीट असम के गुवाहाटी में है। इसकी अन्य बेंच कोहिमा, आईजोल तथा ईटानगर में है।

Categories:

Month:

Tags: , , , , , ,

Advertisement