खेलो इंडिया

खेलों इंडिया यूथ गेम्स का समापन हुआ

खेलो इंडिया यूथ गेम्स के दूसरे संस्करण का आयोजन 9 जनवरी से 20 जनवरी, 2019 के दौरान महाराष्ट्र के पुणे में किया गया। इन खेलों का आयोजन पुणे के श्री शिव छत्रपति स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स में किया गया।

  • इन खेलों में महाराष्ट्र ने सर्वाधिक 228 मैडल जीते, इसमें 85 स्वर्ण, 62 रजत तथा 81 कांस्य पदक शामिल हैं।
  • हरियाणा पदक तालिका में दूसरे स्थान पर रहा, हरियाणा ने 62 स्वर्ण, 56 रजत तथा 60 कांस्य पदक के साथ कुल 178 पदक जीता।
  • पदक तालिका में तीसरा स्थान पर दिल्ली रही। दिल्ली ने 48 स्वर्ण, 37 रजत तथा 51 कांस्य पदकों के साथ कुल 136 पदक जीते।

खेलो इंडिया यूथ गेम्स

केन्द्रीय खेल मंत्रालय ने खेलो इंडिया स्कूल गेम्स के दायरे को बढ़ाकर बड़ा कर दिया है, इन खेलों में अब दो श्रेणियों, अंडर 17 और अंडर 21 में प्रतिभागी हिस्सा ले सकते हैं। इसमें कॉलेज और विश्वविद्यालय के खिलाड़ी भी हिस्सा ले सकते हैं। इन खेलों में 29 राज्यों और 7 केंद्र शासित प्रदेशों से 10,000 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा ले सकते हैं।

खेलो इंडिया कार्यक्रम

इसकी शुरुआत केन्द्रीय खेल व युवा मामले मंत्रालय द्वारा देश में खेल संस्कृति को पुनर्जीवित करने के लिए की थी। इसका उद्देश्य देश  में खेले जाने वाले सभी खेलों को बढ़ावा देना तथा भारत को एक मज़बूत खेल राष्ट्र के रूप में तैयार करना है। इस कार्यक्रम से युवा खिलाड़ियों को अपने कौशल को बेहतर करने तथा अपने कौशल का प्रदर्शन करने का मौका मिलेगा। इन खेलों में प्रतिभावान खिलाड़ियों को चिन्हित किया जायेगा तथा प्रत्येक चुने गये खिलाड़ी को 8 वर्षों के लिए 5 लाख  रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जायेगी।

आप इन अपडेट्स को करेंट अफेयर्स टूड़े मोबाइल एप्प में भी पढ़ सकते हैं।

Categories:

Month:

Tags: , , , , , ,

खेलो इंडिया स्कॉलरशिप के तहत किया गया 734 खिलाडियों का चयन

खेल व युवा मामले मंत्रालय के अंतर्गत भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) ने 734 खिलाडियों को खेलो इंडिया टैलेंट डेवलपमेंट स्कीम के तहत चुना। इन खिलाडियों का चयन भारतीय खेल प्राधिकरण की उच्च स्तरीय समिति द्वारा किया गया। इस प्रोग्राम में खिलाडियों को सरकारी मान्यता प्राप्त अकैडमी में प्रशिक्षण दिया जायेगा। इसके लिए उन्हें एक साल तक हर तिमाही में 1,20,000 लाख रुपये दिए जायेंगे। इसका उपयोग वे अपने दैनिक खर्चे, चोट के इलाज तथा अन्य कार्यों के लिए कर सकते हैं।

खेल अकैडमी

उच्च स्तरीय समिति ने पहली बार निजी, राज्य तथा SAI की अकादमियों को मान्यता प्रदान की है, इसका उद्देश्य देश में मौजूद टैलेंट के विकास के लिए अनुकूल वातावरण प्रदान करना है। इसमें SAI अकादमी के अलावा 21 अन्य अकादमियां शामिल हैं। विभिन्न स्थानों में अकादमियों के चयन का प्रमुख कारण यह भी है कि खिलाडियों को प्रशिक्षण के लिए ज्यादा दूर सफ़र न करना पड़े।

खेलो इंडिया टैलेंट डेवलपमेंट स्कीम

इस योजना को खेल व युवा मामले मंत्रालय ने ज़मीनी स्तर पर खेल गतिविधियों को बढाने के लिए लांच किया था। इसके तहत देश में सभी खेलो के लिए एक मज़बूत फ्रेमवर्क तैयार किया जायेगा और भारत को एक महान खेल राष्ट्र के रूप में स्थापित किये जाने की योजना बनायी गयी है। इस योजना में स्कूली बच्चों को चुना जायेगा और उन्हें प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा। इसमें चुने हुए प्रत्येक खिलाडी को 8 वर्षों तक 5 लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।

आप इन अपडेट्स को करेंट अफेयर्स टूड़े मोबाइल एप्प में भी पढ़ सकते हैं।

Categories:

Month:

Tags: , , ,

Advertisement