jamal khashoggi saudi arabia

सऊदी अरब ने की लापता पत्रकार जमाल खाशोज्जी की हत्या की पुष्टि

सऊदी अरब ने 2 अक्टूबर, 2018 से लापता पत्रकार जमाल खाशोज्जी की हत्या की पुष्टि कर दी है। उनकी हत्या तुर्की के इस्तांबुल में सऊदी अरब के दूतावास में की गयी। दरअसल खाशोज्जी 2 अक्टूबर, 2018 को इस्तांबुल (तुर्की) में सऊदी अरब के दूतावास गए थे, परन्तु  उसके बाद वे उस भवन से बाहर नहीं आये। तुर्की की पुलिस द्वारा उनकी हत्या की आशंका जताई गयी है। खाशोज्जी के मुद्दे पर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर काफी विवाद चल रहा था।

पृष्ठभूमि

जमाल खाशोज्जी सऊदी अरब में पत्रकारिता का कार्य करते थे, वे अल-अरब न्यूज़ चैनल के एडिटर-इन-चीफ तथा अल वतन अख़बार के एडिटर के रूप में कार्य कर चुके हैं। उन्होंने सऊदी अरब की सरकार की आलोचना करते हुए कई लेख लिखे। वे सऊदी अरब के राजकुमार मोहम्मद बिन सलमान तथा देश के शासक किंग सलमान के आलोचक थे। उन्होंने यमन में सऊदी अरब के हस्तक्षेप का भी विरोध किया था।

जमाल खाशोज्जी

जमाल खाशोज्जी का जन्म 13 अक्टूबर, 1958 को सऊदी अरब के मदीना में हुआ था। वे एक स्तंभकार, पत्रकार व लेखक हैं। उन्होंने अल-अरब न्यूज़ चंनल तथा अल वतन अखबार में कार्य किया है। खाशोज्जी ने सितम्बर, 2017 में सऊदी अरब को छोड़ा था।

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चर्चित व्यक्तित्व : जमाल खाशोज्जी के बारे में प्रमुख तथ्य

जमाल खाशोज्जी सऊदी अरब के एक पत्रकार हैं। इन दिनों उनका नाम काफी सुर्ख़ियों में चल रहा है। दरअसल खाशोज्जी 2 अक्टूबर, 2018 को इस्तांबुल (तुर्की) में सऊदी अरब के दूतावास गए थे, परन्तु  उसके बाद वे उस भवन से बाहर नहीं आये। तुर्की की पुलिस द्वारा उनकी हत्या की आशंका जताई गयी है। खाशोज्जी के मुद्दे पर अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर काफी विवाद चल रहा है।

पृष्ठभूमि

जमाल खाशोज्जी सऊदी अरब में पत्रकारिता का कार्य करते थे, वे अल-अरब न्यूज़ चैनल के एडिटर-इन-चीफ तथा अल वतन अख़बार के एडिटर के रूप में कार्य कर चुके हैं। उन्होंने सऊदी अरब की सरकार की आलोचना करते हुए कई लेख लिखे। वे सऊदी अरब के राजकुमार मोहम्मद बिन सलमान तथा देश के शासक किंग सलमान के आलोचक थे। उन्होंने यमन में सऊदी अरब के हस्तक्षेप का भी विरोध किया था।

जमाल खाशोज्जी

जमाल खाशोज्जी का जन्म 13 अक्टूबर, 1958 को सऊदी अरब के मदीना में हुआ था। वे एक स्तंभकार, पत्रकार व लेखक हैं। उन्होंने अल-अरब न्यूज़ चंनल तथा अल वतन अखबार में कार्य किया है। खाशोज्जी ने सितम्बर, 2017 में सऊदी अरब को छोड़ा था।

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