भारत का विदेशी मुद्रा भंडार (India’s Forex Reserve) पहली बार 600 अरब डॉलर के पार पहुंचा

4 जून, 2021 को समाप्त हुए सप्ताह के दौरान भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 6.842 अरब डॉलर की वृद्धि के साथ 605.008 अरब डॉलर के सर्वोच्च स्तर पर पहुँच गया है। गौरतलब है कि यह पहली बार है जब भारत का विदेशी मुद्रा भंडार 600 अरब डॉलर एक पार पहुंचा है। विश्व में सर्वाधिक विदेशी मुद्रा भंडार वाले देशों की सूची में भारत पांचवे स्थान पर है, इस सूची में चीन पहले स्थान पर है।

विदेशी मुद्रा भंडार

इसे फोरेक्स रिज़र्व या आरक्षित निधियों का भंडार भी कहा जाता है भुगतान संतुलन में विदेशी मुद्रा भंडारों को आरक्षित परिसंपत्तियाँ’ कहा जाता है तथा ये पूंजी खाते में होते हैं। ये किसी देश की अंतर्राष्ट्रीय निवेश स्थिति का एक महत्त्वपूर्ण भाग हैं। इसमें केवल विदेशी रुपये, विदेशी बैंकों की जमाओं, विदेशी ट्रेज़री बिल और अल्पकालिक अथवा दीर्घकालिक सरकारी परिसंपत्तियों को शामिल किया जाना चाहिये परन्तु इसमें विशेष आहरण अधिकारों , सोने के भंडारों और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष की भंडार अवस्थितियों को शामिल किया जाता है। इसे आधिकारिक अंतर्राष्ट्रीय भंडार अथवा अंतर्राष्ट्रीय भंडार की संज्ञा देना अधिक उचित है।

4 जून,  2021 को विदेशी मुद्रा भंडार

विदेशी मुद्रा संपत्ति (एफसीए): $560.890 बिलियन
गोल्ड रिजर्व: $37.604 बिलियन
आईएमएफ के साथ एसडीआर: $1.513 बिलियन
आईएमएफ के साथ रिजर्व की स्थिति: $5 बिलियन

Categories:

Tags: , , , , , ,

« »

Advertisement

Comments